नगर निगम कार्यालय गाजियाबाद में लगी आग, फायर सर्विस की तत्परता से बड़ा हादसा टला

- बेसमेंट में बने मीटिंग हॉल का हिस्सा जलकर खाक, कोई जनहानि नहीं
गाजियाबाद, 25 जुलाई 2025 :
शहर के नवयुग मार्केट स्थित नगर निगम कार्यालय में शुक्रवार शाम अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई। आग की सूचना शाम 5:20 बजे प्राप्त हुई, जिसके तुरंत बाद कोतवाली फायर स्टेशन से एफएसओ के नेतृत्व में तीन फायर टैंकरों की टीम मौके के लिए रवाना हुई।


मौके पर पहुंचने पर पाया गया कि आग नगर निगम कार्यालय के बेसमेंट में बने मीटिंग हॉल के कंट्रोल यूनिट/इलेक्ट्रिक पैनल में लगी थी, जो इलेक्ट्रिक डक्ट के माध्यम से प्रथम तल तक फैल गई थी। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए फायर सर्विस कर्मियों ने मोटर फायर इंजन से पंपिंग कर पूरी आग पर काबू पा लिया।
इस हादसे में बेसमेंट में मौजूद 10 से 12 कुर्सियां, एक एयर कंडीशनर तथा फॉल सीलिंग को नुकसान पहुंचा है। राहत की बात यह रही कि घटना में कोई जनहानि नहीं हुई। समय रहते आग पर नियंत्रण पा लिया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
घटनास्थल पर आवश्यक कार्रवाई पूरी करने के बाद फायर सर्विस यूनिट वापस कोतवाली फायर स्टेशन लौट गई। इस आग की वजह शॉर्ट सर्किट मानी जा रही है, हालांकि अधिकारिक जांच रिपोर्ट का अभी इंतजार है।
सिविल डिफेंस का भी रहा अहम सहयोग, आग बुझाने में निभाई निर्णायक भूमिका
नगर निगम कार्यालय में लगी आग की इस आपात स्थिति में सिविल डिफेंस गाजियाबाद की भूमिका भी अत्यंत सराहनीय रही। 25 जुलाई 2025 की सायं लगभग 5:00 बजे जैसे ही दीपक अग्रवाल, डिवीजनल वार्डन, टाउन हॉल द्वारा आग की सूचना दी गई, अनिल सरीन, पोस्ट वार्डन आरक्षित द्वारा भी इसकी पुष्टि की गई। संयोगवश, उसी समय आगामी 1 अगस्त को प्रस्तावित मॉक ड्रिल के सिलसिले में एनडीएमए अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक भी चल रही थी। आग की सूचना मिलते ही इसे तुरंत एनडीएमए तक पहुंचाया गया और टाउन हॉल प्रखंड ग्रुप में संदेश भेजते हुए तत्काल मौके पर पहुंचने का आग्रह किया गया।
मौके पर तत्काल दीपक अग्रवाल, हर्ष वर्मा (डिवीजनल वार्डन आरक्षित), निकुंज गोयल (सेक्टर वार्डन), अनिल सरीन (पोस्ट वार्डन) और अरुण कुमार श्रीवास्तव सक्रिय हुए। इन्होंने धुएं से भरे अंधेरे कमरे में अपनी जान की परवाह किए बिना वेंटिलेशन के लिए खिड़कियों के शीशे तोड़ने, और आग की लोकेशन की सटीक पहचान कर अग्निशमन विभाग को दिशा देने जैसे जोखिमपूर्ण कार्यों को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। फायर ब्रिगेड कर्मियों के साथ मिलकर आग पर नियंत्रण पाने में इनका योगदान महत्वपूर्ण रहा।
सहायक उप नियंत्रक, नागरिक सुरक्षा गाजियाबाद गुलाम नबी स्वयं मौके पर उपस्थित रहे और अपनी टीम के साथ मिलकर आग बुझाने के प्रयासों में सक्रिय भागीदारी निभाई। सिविल डिफेंस की इस सतर्कता, समर्पण और तत्परता ने एक बड़ी दुर्घटना को टालने में मदद की और उनके योगदान के लिए शहरवासियों ने प्रशंसा व्यक्त की।


