Ghaziabad

गाजियाबाद के सृजन पाण्डेय को ‘सांस्कृतिक प्रतिभा खोज छात्रवृत्ति योजना’ में मिली सफलता

  • मास्टर सृजन पाण्डेय को ‘सांस्कृतिक प्रतिभा खोज छात्रवृत्ति योजना’ में रंगमंच के लिए चुना गया।
  • वह उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और दिल्ली राज्यों से इस छात्रवृत्ति प्राप्त करने वाले एकमात्र छात्र हैं।
  • यह छात्रवृत्ति 10 से 14 वर्ष की आयु के युवा कलाकारों को प्रदान की जाती है।
  • सृजन ने पहले भी कई राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है।
  • उनकी माता-पिता और परिवार को उनकी इस उपलब्धि पर बधाई दी जा रही है।

गाजियाबाद, 14 जून: गाजियाबाद के प्रतिभाशाली बाल कलाकार मास्टर सृजन पाण्डेय को ‘सांस्कृतिक संसाधन और प्रशिक्षण केंद्र’ द्वारा आयोजित राष्ट्रीय ‘सांस्कृतिक प्रतिभा खोज छात्रवृत्ति योजना’ 2023-24 में रंगमंच के क्षेत्र में अपनी प्रतिभा के लिए चुना गया है। सृजन उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और दिल्ली राज्यों से रंगमंच के लिए इस प्रतिष्ठित छात्रवृत्ति प्राप्त करने वाले एकमात्र छात्र हैं।

यह छात्रवृत्ति 10 से 14 वर्ष की आयु के उन बच्चों को प्रदान की जाती है जो संगीत, नाटक, नृत्य, शिल्प, मूर्तिकला, चित्रकला और साहित्यिक कला जैसी विभिन्न ललित कलाओं में असाधारण प्रतिभा प्रदर्शित करते हैं। इसका उद्देश्य युवा कलाकारों को प्रोत्साहित करना और उन्हें अपनी कला में निपुणता प्राप्त करने में सहायता करना है।

सृजन वर्तमान में डीएलएफ पब्लिक स्कूल, साहिबाबाद, गाजियाबाद में नवीं कक्षा के छात्र हैं। उन्होंने पहले भी कई राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है, जिसमें संस्कृति मंत्रालय-भारत सरकार और ‘वर्ल्ड फोरम फॉर आर्ट एंड कल्चर’ द्वारा आयोजित ‘झंकृति-2023’ प्रतियोगिता में तृतीय स्थान और VOGUE थिएटर ग्रुप द्वारा आयोजित ‘राष्ट्रीय चिल्ड्रेन वर्चुअल प्रतियोगिता’ में द्वितीय स्थान शामिल हैं।

सृजन की इस उपलब्धि पर उनके माता-पिता, प्रख्यात लेखिका मीना पाण्डेय और उनके परिवार को बधाई दी जा रही है।

Umesh Kumar

Umesh is a senior journalist with more than 15 years of experience. Freelance photo journalist with some leading newspapers, magazines, and news websites and is now associated with Local Post as Consulting Editor

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Back to top button