पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के प्रबन्ध निदेशक रवीश गुप्ता ने गाजियाबाद के श्री दुधेश्वर नाथ मन्दिर, साहिबाबाद एवं गंग नहर (छोटा हरिद्वार), मुरादनगर मे कॉवड यात्रा की तैयारियों का स्थलीन निरीक्षण किया

- श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए, विद्युत सुरक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा।
- विद्युत पोल रैपिंग, ट्रांसफार्मरों की बैरीकेटिंग, फैसिंग एवं सुरक्षा मानकों के अनुपालन के विशेष निर्देश।
- विद्युत पोलों को विद्युत सुरक्षा मानकों के अनुरूप सुरक्षित किए जाने की तैयारी।
- भीड-भाड वाले क्षेत्रों, शिविरों एवं मन्दिरों के समीप विद्युत पोलों पर पहली बार पीवीसी कवर लगाए जा रहे हैं।
- कॉवड मार्ग पर तैनात नोडल अधिकारियों को विद्युत प्रवाह की दूर से जॉच हेतु Contactless testers उपलब्ध कराए जाऐगें।
- विद्युत तारों को तत्काल ठीक करने, बैरीकेटिंग का कार्य शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश।
- कॉवड यात्रा के दौरान निर्बाध एवं सुरक्षित विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश।
मेरठ : पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के प्रबन्ध निदेशक रवीश गुप्ता (आई०ए०एस०) ने आगामी कॉवड यात्रा 2026 के दृष्टिगत 18 जुलाई, 2026 शनिवार को श्री दुधेश्वर नाथ मन्दिर (गाजियाबाद), साहिबाबाद तथा गंग नहर (छोटा हरिद्वार), मुरादनगर क्षेत्र का स्थलीन निरीक्षण कर, श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए की जा रही विद्युत व्यवस्थाओं एवं तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होनें अधिकारियों को निर्देशित किया कि कॉवड यात्रा प्रारम्भ होने से पूर्व, सभी सुरक्षा संबंधी कार्य निर्धारित समयसीमा मे पूर्ण कर लिए जाएं।
प्रबन्ध निदेशक रवीश गुप्ता ने कॉवड मार्ग पर स्थापित विद्युत पोलो, ट्रांसफार्मरों, विद्युत लाइनों आदि का गहन निरीक्षण किया। उन्होनें निर्देश दिए कि विद्युत पोलों की निर्धारित मानकों के अनुरूप रैपिंग, ट्रांफार्मरों की बैरीकेटिंग, आवश्यक स्थानों पर फैन्सिंग तथा खुले विद्युत उपकरणों को पूर्णतः सुरक्षित किया जाए। विशेष रूप से ढीले विद्युत तारों को तत्काल ठीक करने तथा वैरिकेटिग का कार्य प्राथमिकता के आधार पर शीध पूर्ण करने के निर्देश दिए।
प्रबन्ध निदेशक रवीश गुप्ता ने कहा कि इस वर्ष कॉवड यात्रा को और अधिक सुदृढ बनाने के लिए, विद्युत पोलों को सुरक्षा मानकों के अनुरूप तैयार किया जा रहा है। वर्षा ऋतु में नमी के कारण विद्युत पोलों में करंट प्रवाह की संभावना को देखते हुए, विशेष सुरक्षा व्यवस्था अपनाई जा रही है। भीड भाड वाले क्षेत्रों, प्रमुख शिविरों एवं मंदिरों के समीप पहली बार विद्युत पोलों पर, पीवीसी कवर लगाए जा रहें हैं जबकि अन्य स्थानों पर, मानकों के अनुसार पोलोथीन रैपिंग सुनिश्चित कराई जा रही है। कॉवड मार्ग पर तैनात सभी नोडल अधिकारियों को, Contactless testers उपलब्ध कराए जाऐगें ताकि बिना सीधे संपर्क के विद्युत प्रवाह की जॉच की जा सके तथा सुरक्षा को और अधिक सुद्ध बनाया जा सके।
प्रबन्ध निदेशक ने निर्देश दिए कि कॉवड यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं निर्बाध विद्युत आपूर्ति निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी अधिकारी एवं कर्मचारी फील्ड में रहकर, व्यवस्थाओं की सतत् निगरानी करें तथा सुरक्षा उपकरणों का अनिवार्य रूप से प्रयोग सुनिश्चित करें। उन्होनें स्पष्ट किया कि सुरक्षा मानकों में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर, संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरूद्ध कार्यवाही की जाऐगी।
निरीक्षण के दौरान नरेश भारती, मुख्य अभियन्ता (वि०), गाजियाबाद क्षेत्र-द्वितीय, गाजियाबाद, ब्रिजेश कुमार, मुख्य अभियन्ता (वि०), गाजियाबाद क्षेत्र-तृतीय, गाजियाबाद, महेश उपाध्याय अधीक्षण अभियन्ता, अखिलेश सिंह अधीक्षण अभियन्ता, अंकित कुमार, अधिशासी अभियन्ता, अजय यादव अधिशासी अभियन्ता एवं कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। उनके द्वारा प्रबन्ध निदेशक रवीश गुप्ता द्वारा दिए गए निर्देशों का समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया गया।


