गाज़ियाबाद के मधुबन बापूधाम में बनेगा देश का पहला ‘विकसित भारत पार्क’, 45 करोड़ की लागत से होगा निर्माण

गाज़ियाबाद। विकसित भारत की परिकल्पना अब धरातल पर उतरने जा रही है। गाज़ियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने मधुबन बापूधाम योजना के अंतर्गत लगभग 6.5 एकड़ भूमि पर 45 करोड़ रुपये की लागत से ‘विकसित भारत पार्क’ बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। यह पार्क पूरी तरह विकसित भारत थीम पर आधारित होगा और एनसीआर ही नहीं, बल्कि पूरे देश में अपनी तरह का अनूठा उदाहरण बनेगा।
प्राधिकरण उपाध्यक्ष अतुल वत्स ने बताया कि पार्क का स्वरूप आगंतुकों को भारत की भविष्य यात्रा से रूबरू कराएगा। यहां पांच नवोन्मेषी जोन होंगे, जिनमें भविष्य भारत पैवेलियन, भारत 2047 डोम, डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर, वर्ष 2070 तक नेट कार्बन जीरो और चंद्रमा लैंडिंग की झलक को प्रदर्शित किया जाएगा।

स्मार्ट सुविधाएं और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर
पार्क में एंट्री प्लाज़ा, सिंथेटिक रनिंग ट्रैक, शौचालय, पेयजल बिंदु और स्मार्ट सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। साथ ही वॉकिंग व साइकिल ट्रेल्स, बच्चों के खेलने के लिए विशेष क्षेत्र, जल संरचनाएं और थीम आधारित इंस्टॉलेशंस पार्क को और आकर्षक बनाएंगे।

एनसीआर में नई पहचान
अतुल वत्स ने बताया कि इस अनोखे पार्क के निर्माण से न केवल लोगों को घूमने-फिरने की एक नई जगह मिलेगी बल्कि बच्चों और युवाओं को भारत के विकास की यात्रा को खेल-खेल में समझने का अवसर भी मिलेगा। उन्होंने कहा कि यह पार्क न केवल एनसीआर क्षेत्र के लिए एक लैंडमार्क होगा बल्कि वायु प्रदूषण की समस्या से निजात दिलाने और परिवारों को नई संजीवनी देने का भी काम करेगा।
विशेषज्ञों से परामर्श
पार्क को और नवोन्मेषी बनाने के लिए विभिन्न स्थानों के अध्ययन के साथ-साथ विशेषज्ञों और कंसल्टेंट्स की राय भी ली जा रही है। प्राधिकरण की योजना है कि इसे एक भविष्य-दर्शी शैक्षिक और मनोरंजक केंद्र बनाया जाए।

गाज़ियाबाद में बनने वाला यह पार्क न सिर्फ लोगों को हरियाली और स्वास्थ्य का तोहफा देगा बल्कि उन्हें भारत के भविष्य की झलक भी दिखाएगा—जहां विज्ञान, तकनीक और सतत विकास का समन्वय होगा।



